
सारंगढ । अष्टभुजी गैस ऐजेंसी मे कार्यरत कर्मचारियों से उपभोक्ता बहुत ज्यादा परेशान है उनके व्यवहार से लोग तंग आ चुके है । एक पखवाड़ा से सप्लाई बंद कर दी गई हैं,उनका कहना है कि – ऊपर से ब्लॉग है। तो हम क्या कर सकते है?एक उपभोक्ता ने बताया कि – डिलीवरी के पच्चीस दिन बाद आपको दूसरा गैस सलेंडर मिल जाएगा। उन्होंने 4 अगस्त को बुक किया ओटीपी डीसीए नही आने पर कार्यालय से सम्पर्क किया तो दूबारा बुक करने को कहा गया।उन्होंने पुनः 13 अगस्त को बुक किया फिर भी ओटीपी नही आने पर सम्पर्क किया गया तो गोलमोल जवाब दिया गया।एक कर्मचारी कहता है हम केवाईसी करने लगे थे, दूसरा कहता है इसे हम केंसिल कर दूसरा बुक कर देते है, तीसरा कहता है हम किस किस को देखे, ऊपर से ओटीपी नही आता तो हम क्या करे?उपभोक्ता ने पूछा कि – ओटीपी क्या प्रधानमंत्री भेजता है या गैस कंम्पनी या गैस मंत्री या आप लोगो का मालिक ? सारा खेल कर्मचारियों द्वारा उपभोक्ताओं से खेला जा रहा है।एजेंसी वाला दूर घर बैठे तमाशा देख रहा है, कर्मचारियों के भरोसे एजेंसी चल रहा है । वह उपभोक्ता 23 अगस्त को तीसरी बार बुक किया है फिर भी ओटीपी नही मिला,जबकि उसको दूसरा गैस सलेंडर मिल जाना चाहिए था। सारा खेलालीला यहां के कर्मचारियों द्वारा किया जा रहा है।प्रशासन भी इस पर ध्यान नही दे रही है जिस कारण से इनकी मनमानी चरमसीमा पर है।
होम डिलीवरी के नाम से उपभोक्ता को चमकाते है , पांच किलोमीटर दूर अपने गोदाम से डिलीवरी देने मजबूर करते है, प्रशासन समय रहते ध्यान देवे अन्यथा कभी भी उपभोक्ताओं का गुस्सा सडक पर आ सकता है।









