DSP नहीं सारंगढ़ की बेटी बनकर काम किया,, स्नेहिल साहू के तबादले की खबर से शहरवासियों में मायूसी,, काम से जीता लोगों का दिल

सारंगढ़। DSP स्नेहिल साहू ने अपने कार्यकाल में पुलिस अधिकारी से ज्यादा सारंगढ़ की बेटी बनकर सेवा की। महिला सुरक्षा, स्कूल – कॉलेजों में जागरूकता अभियान और आम जनता की समस्याओं का त्वरित निराकरण कर उन्होंने हर वर्ग का भरोसा जीता। उनके व्यवहार और मृदु स्वभाव के कारण लोग उन्हें सम्मान के साथ याद करते थे।अचानक DSP स्नेहिल साहू के तबादले की खबर सुनते ही शहर में मायूसी का माहौल है। सोशल मीडिया से लेकर चाय की दुकानों तक लोग इस फैसले पर चर्चा कर रहे हैं। कई लोगों के चेहरे पर हताशा साफ झलक रही थी। आम नागरिकों का कहना है कि – इतने कम समय में जिस तरह उन्होंने शहर से जुड़ाव बनाया, वैसा कम ही देखने को मिलता है। स्थानीय लोगों और सामाजिक संगठनों ने DSP साहू के कार्यकाल की जमकर सराहना की । उनका कहना है कि- स्नेहिल मैडम ने न केवल कानून व्यवस्था को बेहतर किया , बल्कि बेटियों और महिलाओं को सुरक्षा का एहसास भी दिलाया । शहर वासी चाहते हैं कि – प्रशासन उनके तबादले पर पुनर्विचार करे। DSP स्नेहिल साहू के जाने से सारंगढ़ ने एक कर्तव्यनिष्ठ अधिकारी के साथ-साथ एक अपनापन रखने वाली बेटी को भी खो दिया है।














