जाति प्रमाण पत्र के लिये कई वर्षो से भटक रहे खड़िया आदिवासियों ने जिला पंचायत अध्यक्ष संजय पांडे को दिया ज्ञापन

खड़िया आदिवासियों के पास जमीन नही होने की वजह से मिसल बंदोबस्त भी नही हैं जिसके कारण नही बन पा रहा है जाति प्रमाण पत्र
सारंगढ़-बिलाईगढ़ –
जिले के आदिवासी वर्ग में आने वाले खड़िया समाज के सामने एक गंभीर समस्या खड़ी हो गई है। जिन परिवारों के पास स्वयं की जमीन नहीं है, उनका मिसल बंदोबस्त नहीं हो पा रहा है, जिसके चलते उन्हें जाति प्रमाण पत्र बनवाने में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बताया जा रहा है कि खड़िया समाज के कई लोग पिछले कई वर्षों से इस समस्या को लेकर सरकारी दफ्तरों के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकल पाया है। जाति प्रमाण पत्र नहीं बनने के कारण इन परिवारों के बच्चों को शिक्षा, नौकरी और सरकारी योजनाओं का लाभ लेने में भी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
इस संबंध में समाज के लोगों ने पहले भी जन समस्या निवारण शिविर में आवेदन देकर अपनी समस्या रखी थी, लेकिन स्थिति जस की तस बनी हुई है। समस्या के निराकरण की उम्मीद में आज पुनः समाज के प्रतिनिधियों ने जिला पंचायत अध्यक्ष संजय भूषण पांडे से मुलाकात की और ज्ञापन सौंपकर अपने इस समस्या को शासन के आला अबसर और राजनेताओं तक पहुंचाने का निवेदन किये।
ज्ञापन में मांग की गई है कि बिना जमीन वाले खड़िया समाज के लोगों के लिए विशेष प्रावधान कर जल्द से जल्द मिसल बंदोबस्त की प्रक्रिया पूरी कराई जाए, ताकि उन्हें जाति प्रमाण पत्र मिल सके और वे शासन की योजनाओं का लाभ उठा सकें। खड़िया आदिवासियों को जिला पंचायत अध्यक्ष संजय पांडे ने आश्वस्त किया है कि वे इस समस्या का संज्ञान शासन के आला अधिकारियों को देकर इस समस्या का हल निकालेंगे।














